शाला सुरक्षा ब्लाक स्तरीय त्रिदिवसीय प्रशिक्षण कार्यक्रम का हुआ समापन
आरंग। बुधवार को विकासखंड स्तरीय त्रिदिवसीय शाला सुरक्षा कार्यक्रम का समापन शासकीय कन्या उच्चतर माध्यमिक विद्यालय आरंग में बच्चों की सुरक्षा अनिवार्य है इस संकल्प के विभिन्न पहलुओं पर प्रशिक्षण के साथ समापन किया गया।
इस अवसर पर प्रशिक्षण में पहुंचे सहायक जिला परियोजना समन्वयक एपीसी समग्र शिक्षा अभियान खेल सिंह नायक, विकास खंड शिक्षा अधिकारी एनपी कुर्रे, विकासखंड श्रोत केंद्र समन्वयक एमएन वर्मा, सहायक विकास खंड शिक्षा अधिकारी आलोक चांडक एवं रायपुर डाइट से अधिकारी रीता श्रीवास्तव एवं पीएल टंडन सभी ने बच्चों की सुरक्षा को महत्वपूर्ण मानते हुए सुरक्षा की दिशा में उपयोगी टिप्स दिए, प्रशिक्षण देते हुए सहायक विकास खंड शिक्षा अधिकारी संजीव कश्यप एवं व्याख्याता अपर्णा तिवारी ने बच्चों की सुरक्षा के मूलभूत अधिकार, बाल शोषण, बाल संरक्षण, सुरक्षा किट एवं सुरक्षा किस प्रकार की जाए इसके विभिन्न बिंदुओं पर चर्चा परिचर्चा एवं प्रदर्शन के माध्यम से फोकस किया । शिक्षा अधिकारियों ने बरसात से पहले ही स्कूल की सुरक्षा को चुनौती के रूप में स्वीकार करने हेतु प्रेरित करते हुए कहा कि सभी संकुल समन्वयक समन्वय के साथ कार्य करें और संस्था प्रमुख सामुदायिक सहभागिता को बढ़ावा दे, वही मास्टर ट्रेनर अपर्णा तिवारी एवं कश्यप सर ने विद्यालय में आने वाली आकस्मिक समस्या जैसे सर्पदंश, मधुमक्खी का काटना, कुत्ते का काटना, बिजली का झटका ,बिच्छू का काटना,आगजनी,सर्दी खांसी बुखार में सावधानी आदि पर दिए जाने वाले प्राथमिक उपचार को प्रायोगिक प्रदर्शन के माध्यम से प्रदर्शित किया एवं फर्स्ट एड बॉक्स तैयार करने की आवश्यकता, विभिन्न प्रकार की पट्टियां, रोलर बैंडेज, क्रेप बैंडेज, मेडिकेटेड बैंडेज के उपयोग, विभिन्न प्रकार की चोट पर बांधी जाने वाली पट्टिया, तिकोनी पट्टी के उपयोग, इसके अतिरिक्त बाल सुरक्षा कानून, बाल शोषण के प्रकार, पी ओ सी आर ओ एक्ट ,असुरक्षित स्पर्श की पहचान, एवं प्रत्येक विद्यालय में बाल सुरक्षा समिति के गठन आदि पर व्यापक विश्लेषण करते हुए प्रोजेक्टर के माध्यम से भी कई गतिविधियों को समझाया ।
इस प्रशिक्षण कार्यक्रम में सभी 48 संकुल के समन्वयक गण एवं शिक्षकों की सहभागिता रही समापन के अवसर पर मास्टर ट्रेनर एवं डाइट से आए मार्गदर्शकों को प्रतीक चिन्ह देकर भी सम्मानित किया गया ।