छत्तीसगढ़

प्रदेश में सरकारी भूमि में फसल लगाने वालो को फसल काटने से मना करना सरपंच को पड़ा भारी… पीट-पीटकर कर दी हत्या…

छत्तीसगढ़। बेजा कब्जा कर सरकारी भूमि में फसल लगाने वालो को फसल काटने से मना करना गांव के सरपंच को महंगा पड़ गया। बेजा कब्जाधारियों ने पीट पीट कर सरपंच की हत्या कर दी। नाराज परिजनों व सरपंच संघ ने शव रख कर धरना देते हुए चक्काजाम कर दिया हैं। मामले में मिली जानकारी के अनुसार मालखरौदा थाना क्षेत्र के ग्राम पंचायत भूतहा के आश्रित गांव छोटे रबेली में कुछ ग्रामीणों ने सरकारी जमीन पर बेजा कब्जा कर धान की फसल लगा ली थी।

जिस पर किसी भी किस्म का मूवमेन्ट करने पर तहसीलदार ने स्टे दिया था। इसके बाद भी बेजा कब्जा धारी ग्रामीण धान की कटाई कर रहे थे। सरपंच द्वारिका प्रसाद चंद्रा ने बेजा कब्जा धारियों को फसल की कटाई से मना किया जिससे आक्रोशित ग्रामीणों ने लाठी डंडे से सरपंच की पिटाई कर दी। पिटाई से लहूलुहान हो कर घायल हुए सरपँच द्वारिका प्रसाद चंद्रा को तुरन्त ही मालखरौदा के समुदायिक स्वास्थ्य केंद्र ले जाया गया। जहां से स्थिति गम्भीर होने के चलते उन्हें सिम्स बिलासपुर रिफर किया गया।

पर सिम्स ले जाते समय उनकी रास्ते मे ही मौत हो गयी। सरपँच की हत्या से गुस्साए परिजनों व सरपँच संघ ने मालखरौदा के बीरभाठा चौक में शव रख कर चक्काजाम कर दिया।

बताया जा रहा कि सरपँच की हत्या करने वाले ग्रामीण फरार हो गए हैं। सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार हत्या करने वाला मुख्य आरोपी आदतन अपराधी हैं,और उसके खिलाफ भी कई आपराधिक प्रकरण दर्ज हैं। कुछ माह पहले भी बेजा कब्जा तोड़वाने को लेकर उक्त परिवार ने सरपँच का खेत से अपहरण कर के घर ले जा कर बंधक बना कर जम कर पिटाई की थी और उल्टे सरपँच द्वारा अपनी पत्नी से छेड़छाड़ की शिकायत पुलिस को कर दी थी। हालांकि पुलिस ने जांच के बाद झूठे आरोप होने पर सरपँच के खिलाफ एफआईआर नही की थी बल्कि सरपँच से मारपीट की एफआईआर दर्ज की गई थी।

उसके बाद शातिर आरोपी ने पुलिस प्रशासन पर दबाव बनाने के लिये रेंज मुख्यालय बिलासपुर आ कर आईजी कार्यालय में जहर खा लिया था। पर जांच के बाद आरोप झूठे पाए जाने पर सरपँच के खिलाफ एफआईआर दर्ज नही किया गया। जिससे आरोपी परिवार सरपँच से रंजिश रखता था,और उसी रंजिश की परिणीति आज सरपँच की हत्या के रूप में सामने आई.

 

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button