SECL कर्मचारी की अंधे क़त्ल की सुलझी गुत्थी, इस प्रकार दिया था इस घटना को अंजाम, जानवर दहल उठेगा आपका दिल
रायगढ़ । जिले में एक SECL कर्मचारी की मौत की गुत्थी को पुलिस ने चंद घंटे में ही सुलझा लिया है। बीते 29 दिसंबर को सुबह 10-11 के बीच थाना कापू पुलिस को मैनपाट बीडीसी दूधनाथ यादव के द्वारा सूचना मिली कि कापू और मैनपाट के बीच ग्राम खेकसारी घाट मेन रोड पर एक स्विफ्ट कार जल रही है, जिसके अंदर एक शव भी जल रहा है। सूचना पर स्थानीय जनप्रतिनिधि ग्रामीण के साथ कापू पुलिस मौके पर पहुंची। जानकारी मिलते ही एसपी रायगढ़ अभिषेक मीना के संज्ञान में आने पर उनके द्वारा एसडीओपी धरमजयगढ़ दीपक मिश्रा को अंबिकापुर FSL टीम के साथ कोआर्डिनेशन कर साइबर सेल और धरमजयगढ़ पुलिस को लेकर शीघ्र मौके पर पहुंचने का निर्देश दिए गए।
मौके पर एफएसएल अंबिकापुर के फॉरेंसिक की टीम आई जिसमें सीनियर साइंटिस्ट डॉक्टर कुजूर, डॉक्टर पैकरा, एसडीओपी धर्मजयगढ़, कापू पुलिस की टीम ने स्पॉट – कुमरता मैनपाठ रोड़ खेकसारी घाट मेन रोड़ जहां जली हुई कार घाट के मुहाने पर खड़ी मिली । जांच टीम कार तथा आसपास क्षेत्र का बारीकी से निरीक्षण कर महत्वपूर्ण सबूत जब्त किए गए । कार की डिक्की में रखा शव लगभग 100% जल चुका था जिससे प्रारंभिक में मृतक के पहचान में परेशानी हो रही थी जिस पर फॉरेंसिक टीम द्वारा जले हुए कार का नंबर प्लेट डेवलप कर जांच टीम को दिया गया
कार के नंबर से आरटीओ के माध्यम से वाहन स्वामी का पता लगाया गया जिसमे जानकारी मिली कि वाहन ग्राम बरौद, थाना घरघोड़ा के सालिक राम कुजुर के नाम से पंजीकृत था । घरघोड़ा पुलिस की टीम ग्राम बरौद जाकर सालिक रामम के घर पहुंची जहां मृतक के पुत्र एवं पुत्री एवं पड़ोसियों से संपर्क किया गया जिन्होंने बताया कि 27 दिसंबर को सालिक राम बरौद ग्राम से उसकी पत्नी के साथ ग्राम विजयनगर थाना कापू अपने फसल को बेचने के नाम से गया हुआ है । सालिक राम के परिजनों ने बताया कि सालिक राम अपनी पत्नी को उसके मायके सीतापुर में छोड़ा है और 29 तारीख को वापस लेने आऊंगा कहकर वापस अकेले ग्राम विजयपुर आ गया है ।
पुलिस की टीम ने मृतक की पत्नी और परिजनों को मौके पर बुलाया जिनके सामने शव का पंचनामा किया गया । जलने से बचा हुआ हाथ में पहनने वाला कड़ा और अंगूठी, जले हुए शर्ट के अवशेष को देखकर मृतक की पत्नी ने शव सालिक राम के होने की पुष्टि की। प्रारंभिक जांच में सालिक राम की हत्या के सबूत मिलने पर सालिक राम के मोबाइल नंबर को सर्विलांस में रखकर तकनीकी सबूत निकाले गए जिसमे पाया गया कि घटना की रात 2:30 बजे तक सालिक राम की गतिविधियां रही है, आगे जांच में गांव के राजू सक्सेना की मामले में संलिप्तता के सुराग लगने पर पुलिस टीम राजू सक्सेना की तलाश की गई जो गांव से फरार था जिस पर पुलिस का शक और पुख्ता हुआ ।
जांच में राजू सक्सेना के साथ काम करने वाले के साथ एक बालक की संलिप्तता के सबूत मिलने पर बालक की तलाश की गई जो अपने गांव से फरार था जिसे पुलिस टीम ग्राम अलोला, कापू के पास दबिश देकर पकड़ा । पुलिस ने जब आरोपी से पूछताछ की तो उसने सारे राज उगल दिए। पूछताछ पर पता चला कि मृतक हिरवां परिहा उर्फ सालिक राम कुजूर ग्राम विजयनगर में जमीन लिया है और बरौद से विजयनगर आ कर खेती करता है। विजयनगर के बोट साय चौहान एवं राजू सक्सेना से हमेशा काम करवाता था । इनके बीच धान बेचने के पैसे को लेकर पहले से असंतोष था
सालिक राम ने वादा किया गया था कि धान बिक्री का आधा पैसा देगा या आधा धान देगा लेकिन वो अपने वादे से मुकर रहा था । इसी पर से राजू सक्सेना एवं बोट साय चौहान से विवाद हुआ था । इस साल भी सालिक राम काम करवा रहा है पैसा नहीं देगा कहकर राजू सक्सेना एवं बोट साय चौहान दोनों सालिक राम को मारने की योजना बनाई। राजू सक्सेना ने 28-29 की रात में 02.30 से 03.00 बजे सालिक राम को और धान दिलवाएगें कहकर उसी के कार में धनपुरी तरफ ले गये साथ में ये आरोपी बालक भी था। धनपुरी से आगे ले जाकर इंदकालो के पहले खेत में बने पुलिया के पास पहले से बोट साय हथियार लेकर खड़ा था ।
बोट साय चौहान तब्बल (दबली), राजू सक्सेना टांगी और चाकू से सालिक राम पर कई वार कर उसकी हत्या कर दिये और शव को कार की डिक्की में डाला और हथियार तब्ली, चाकू को भी कार में रखा। आरोपी राजू सक्सेना ग्राम कंड्रजा से एक मोटरसाइकिल लेकर पानी बॉटल में पेट्रोल लेने पेट्रोल पंप गया। पुलिस टीम को पेट्रोल पंप का सीसीटीवी फुटेज भी मिला है । पेट्रोल लेकर राजू पीछे-पीछे पहुंचा जहां तीनों मिलकर खेकसारी घाट के मुहाने पर रुके । इनका मक्सद हत्या को दुर्घटना का स्वरूप देना था जिसके तहत कार को आग लगाकर गहरे खाई में फेंकना था ।
राजू कार को न्यूट्रल करने ड्रायवर सीट पर गया ही था कि पीछे से बोट साय चौहान छिड़के पेट्रोल पर माचिस लगा दिया और कार एकाएक धधक कर जल उठी। जैसे-तैसे राजू कार से बाहर निकला । सुबह का उजाला होता देख पकड़े जाने के डर से और कार को धक्का देने में सक्षम ना होने के कारण हड़बड़ाहट में कार को वहीं उसी अवस्था में छोड़कर तीनों भागकर मोटरसाइकिल में नर्मदापुर के रास्ते पेठ गांव से उतरते हुए वापस अपने गांव आ गए
पुलिस हिरासत में लिये गये विधि के साथ संषर्घरत बालक और आरोपी राजू सक्सेना पिता भदख राम 20 साल कोनपारा विजयनगर थाना कापू से घटना में प्रयुक्त मोटर सायकल, घटना समय पहने कपड़े जप्त किया गया है । घटना के संबंध में बीडीसी दूधनाथ यादव पिता स्व.बालकराम यादव उम्र 44 वर्ष साकिन ग्राम केसरा थाना कमलेश्वरपुर जिला सरगुजा (छ.ग.) के रिपोर्ट पर धारा 302, 435, 120बी, 201, 34 का अपराध आरोपियों पर पंजीबद्ध कर दो आरोपियों को सक्षम न्यायालय रिमांड पर भेजा जा रहा है । फरार आरोपी बोट साय चौहान की सरगर्मी से तलाशी की जा रही है ।