
कांकेर : छत्तीसगढ़ के कांकेर जिले में छह साल की मासूम बच्ची के साथ हुए दुष्कर्म की घटना ने पूरे इलाके को झकझोर कर रख दिया है। इस अमानवीय घटना के खिलाफ महिलाओं में भारी आक्रोश देखने को मिला। बड़ी संख्या में महिलाओं ने सड़कों पर उतरकर विरोध प्रदर्शन किया और आरोपियों के खिलाफ कड़ी से कड़ी सजा की मांग उठाई।
यह मामला कांकेर कोतवाली थाना क्षेत्र का है, जहां मासूम बच्ची के साथ हुए इस जघन्य अपराध ने लोगों को आक्रोशित कर दिया है। घटना के विरोध में शहर की महिलाओं ने रैली निकालकर अपना विरोध दर्ज कराया। रैली के दौरान महिलाओं ने हाथों में तख्तियां और बैनर लेकर आरोपियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की।
रैली के बाद महिलाओं के प्रतिनिधिमंडल ने जिला प्रशासन को ज्ञापन सौंपा। यह ज्ञापन कांकेर कलेक्टर कार्यालय, महिला एवं बाल विकास विभाग और कांकेर पुलिस अधीक्षक कार्यालय को दिया गया। ज्ञापन में महिलाओं ने मांग की कि इस मामले में गिरफ्तार दोनों आरोपियों को कड़ी से कड़ी सजा दी जाए।
प्रदर्शन कर रही महिलाओं का कहना था कि मासूम बच्ची के साथ हुआ यह अपराध बेहद शर्मनाक और निंदनीय है। उन्होंने कहा कि यदि आरोपियों को कड़ी सजा नहीं दी गई तो यह समाज के लिए खतरनाक संकेत होगा। महिलाओं ने आशंका जताई कि यदि ऐसे अपराधियों को कठोर सजा नहीं मिली तो वे भविष्य में जेल से बाहर आकर फिर किसी बड़ी घटना को अंजाम दे सकते हैं।
महिलाओं ने यह भी आरोप लगाया कि नशे की बढ़ती प्रवृत्ति के कारण इस तरह की घटनाएं बढ़ रही हैं। उनका कहना है कि नशे के आदी लोग समाज के लिए खतरा बनते जा रहे हैं और ऐसे लोगों के खिलाफ सख्त कार्रवाई जरूरी है।
प्रदर्शनकारियों ने स्पष्ट रूप से मांग की कि दोनों आरोपियों को फांसी की सजा दी जाए, ताकि समाज में यह संदेश जाए कि इस तरह के जघन्य अपराध को किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। महिलाओं ने कहा कि कठोर सजा ही ऐसे अपराधों पर लगाम लगाने का सबसे प्रभावी तरीका है।
इस दौरान महिलाओं ने प्रशासन से यह भी मांग की कि पीड़ित बच्ची और उसके परिवार को सुरक्षा प्रदान की जाए और मामले की सुनवाई जल्द से जल्द पूरी कर न्याय दिलाया जाए। प्रदर्शनकारियों ने चेतावनी दी कि यदि मामले में जल्द और सख्त कार्रवाई नहीं हुई तो वे आगे भी आंदोलन जारी रखेंगी।
घटना के बाद इलाके में आक्रोश का माहौल है और विभिन्न सामाजिक संगठनों ने भी आरोपियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है। प्रशासन ने प्रदर्शनकारियों को भरोसा दिलाया है कि मामले की जांच गंभीरता से की जा रही है और कानून के अनुसार आरोपियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी।



