‘प्यास बुझाएं या जान बचाएं?’ छत्तीसगढ़ के इस नेशनल हाइवे के बीच खड़ा हैंडपंप! सिस्टम की लापरवाही देख उड़ जाएंगे आपके भी होश

गौरेला-पेंड्रा-मरवाही : जिले के जोगीसार ग्राम पंचायत से एक चिंताजनक तस्वीर सामने आई है जहाँ नेशनल हाईवे-45 का निर्माण लोगों के लिए वरदान के बजाय आफत बन गया है।
सड़क के बीच खड़ा हैंडपंप खतरों को न्योता
ग्रामीणों के अनुसार, जोगीसार में एक हैंडपंप अब सड़क के बीचों-बीच खड़ा होकर हादसों को न्यौता दे रहा है। पहले यह हैंडपंप सड़क के किनारे था, लेकिन नेशनल हाईवे-45 के चौड़ीकरण के बाद यह तेज रफ्तार वाहनों वाली सड़क के ठीक बीच में आ गया है। प्यास बुझाने के लिए लोग बाल्टी लेकर सड़क के बीच खड़े होने को मजबूर हैं, जिससे जरा सी चूक भी जानलेवा साबित हो सकती है।
स्थानीय निवासियों ने बताया की साहब, प्यास बुझाएं या जान बचाएं। तेज रफ्तार गाड़ी वाले हॉर्न मारते हैं, हमें डर लगता है कि कहीं कोई टक्कर न मार दे। नया बोर सफल नहीं हुआ, अब यही एक सहारा बचा है।जोगीसार की यह तस्वीर सिस्टम की लापरवाही पर बड़े सवाल खड़े करती है। ग्रामीणों का कहना है कि नेशनल हाईवे अथॉरिटी और प्रशासन को किसी बड़े हादसे का इंतजार नहीं करना चाहिए और जल्द से जल्द इस खतरे को दूर करने के उपाय करने चाहिए।



