शादी में लिमिट से ज्यादा खर्च करना पड़ सकता है भारी, आयकर विभाग की टीम सक्रिय……

शादियों में घूम रही आयकर टीम, इस लिमिट से ज्यादा खर्च किया तो घर आएगा इनकम टैक्स का नोटिसIncome tax raid – शादियों का सीजन चल रहा है और ऐसे में आयकर विभाग की टीम भी सक्रीय हो गई है। टैक्स चोरी करने वाले और शादियों में बेहिसाब पैसे खर्च (Wedding Tax Evasion) करने वालों से आयकर विभाग (Income tax ) पाई-पाई का हिसाब लेगी। शादी में लिमिट से ज्यादा खर्चा करना भारी पड़ सकता है।
अगर शादियों में लोग खर्चे का हिसाब नहीं रखते हैं और टैक्स नहीं भरते हैं तो कड़ी कार्रवाई की जाएगी। इसके साथ ही भारी जुर्माना भी लगाया जाएगा। आइए नीचे खबर में जानते हैं शादी में कितनी रुपये खर्च करने पर कितना टैक्स भरना होगा। शादियों में घूम रही आयकर टीम, इस लिमिट से ज्यादा खर्च किया तो घर आएगा इनकम टैक्स का नोटिस
(ब्यूरो)। शादियों के सीजन शुरू होने के साथ ही आयकर विभाग भी अपनी नज़रें टेढ़ी करने लगा है। महंगी शादियों पर आयकर विभाग और जीएसटी के टीम पहुंचने के लिए अपने दफ्तरों से निकल गई है। शादी में होने वाले बेहिसाब खर्चे का हिसाब लेने आयकर विभाग सतर्क हो गया है। अब सीधी कार्रवाई करते हुए वैवाहिक भवन से लेकर डेकोरेशन, बैंड बाजा और इवेंट कंपनी पर भी कार्रवाई करने की बात की जा रही है।
शादियों में बराती और घरातियों के घर दस्तक देने आयकर और जीएसटी विभाग ने टीम बना ली है। शादियों में पहुंचने के लिए अधिकारियों का अमला सक्रिय हो गया है। शादियों के सीजन में अब लड़का हो या लड़की हर कोई और अपने अरमान पूरे करने के लिए जितना संभव हो उतना पैसा खर्च करता है। कभी-कभी इन बेहिसाब खर्चों में यह भूल जाते हैं कि इसमें शादी के खर्च नहीं बल्कि टैक्स भी शामिल रहता है। अधिकारियों के मुताबिक एक आम आदमी औसतन 7 लाख तक शादी में खर्च करता है जिसमें से 1 लाख से ज्यादा का तो जीएसटी ही शामिल रहता है।
कब कहां कितना लगेगा जीएसटीजीएसटी के अधिकारियों के मुताबिक अगर एक आम आदमी मैरिज गार्डन पर खर्च करता है तो उसे लगभग डेढ़ लाख रुपए का खर्च आता है। इसमें जीएसटी की हिस्सेदारी 27000 रुपए होती है। इसके साथ ही डेढ़ लाख रुपए के टेंट के खर्चे में जीएसटी की हिस्सेदारी 9000 होती है। इसी तरह केटरिंग सर्विस पर अगर कोई डेढ़ लाख रुपए खर्च करता है तो जीएसटी की हिस्सेदारी 27000 रुपए की होती है। इन टैक्स को बचाने के लिए लोग जीएसटी नहीं देते हैं। जिससे बाद में जांच के दौरान उन्हें समस्या होती है।टैक्स चोरी करने वालों पर होगी
कार्रवाई
सेविंग अकाउंट में एक दिन में इससे ज्यादा कैश जमा कराने पर देना होगा टैक्स, जानिए इनकम टैक्स के नियमस्पेशल कमिश्नर जीएसटी विभाग के टीएल ध्रुव के अनुसार लगातार महंगी शादियों पर आयकर विभाग और जीएसटी नजर रखता है। शादियों में जो लोग खर्चों का हिसाब नहीं रखते या फिर टैक्स नहीं देते ऐसे लोगों पर टैक्स चोरी की सीधी कार्रवाई की जाती है।
इसके साथ ही वैवाहिक भवन, डेकोरेशन, बैंड बाजा, इवेंट कंपनी सभी पर टैक्स चोरी की कार्रवाई की जाएगी। इन सभी की जांच के लिए विभाग ने अलग से टीम बनाकर ऐसे वैवाहिक कार्यक्रमों में जांच के लिए भेजी जा रही है। वहीं अलग-अलग टैक्स देने से बचने के लिए कुछ लोग वेडिंग पैकेज के तहत शादी करते हैं।