रायपुर। लोक सेवा गारंटी अधिनियम के तहत तय समय-सीमा में नागरिक का काम पूरा नहीं करना तिल्दा नगर पालिका के मुख्य नगर पालिका अधिकारी (CMO) अमिताभ शर्मा को महंगा पड़ा है। राशन कार्ड में नाम सुधार के आवेदन का निर्धारित 30 दिनों में निराकरण नहीं होने पर CMO पर 100 रुपये का जुर्माना लगाया गया है।
यह कार्रवाई कलेक्टर डॉ. गौरव सिंह के निर्देश पर की गई। मामले के सामने आने के बाद कलेक्टर ने अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए कि जनहित से जुड़े कार्यों को निर्धारित समय-सीमा के भीतर पूरा किया जाए।
समय पर सेवा नहीं मिली तो तय होगी जिम्मेदारी
कलेक्टर डॉ. गौरव सिंह ने कहा कि लोक सेवा गारंटी अधिनियम का उद्देश्य लोगों को सरकारी सेवाएं तय समय में उपलब्ध कराना है। किसी नागरिक के आवेदन का निर्धारित अवधि में निराकरण नहीं होने पर संबंधित अधिकारी-कर्मचारी की जिम्मेदारी तय की जाएगी और नियमों के अनुसार जुर्माने की कार्रवाई भी की जा सकती है।
उन्होंने सभी विभागों को लोक सेवा गारंटी अधिनियम के प्रावधानों का अनिवार्य रूप से पालन करने के निर्देश दिए।
टीएल बैठक में कई योजनाओं की समीक्षा
फॉलोअप टीएल बैठक में कलेक्टर ने विभिन्न जनहितकारी योजनाओं और लंबित प्रकरणों की भी समीक्षा की। बैठक में बकेट क्लेम, नागरिक पट्टे, पीजी पोर्टल, आरआरसी और पीएम किसान निधि से जुड़े मामलों की स्थिति की जानकारी ली गई।
इसके अलावा स्कूलों में फिजिकल ग्राउंड की व्यवस्था, जाति एवं निवास प्रमाण-पत्र, अविवादित नामांतरण और बंटवारा प्रकरणों की भी समीक्षा की गई। कलेक्टर ने अधिकारियों को लंबित मामलों का जल्द से जल्द निराकरण सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
बायोमेट्रिक उपस्थिति पर भी सख्ती
बैठक में विभिन्न विभागों में अधिकारी-कर्मचारियों की बायोमेट्रिक उपस्थिति की भी समीक्षा की गई। कलेक्टर ने नियमित उपस्थिति सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। साथ ही मेडिकल चेकअप, डेंगू जांच और स्वच्छता से जुड़े कार्यों की भी जानकारी ली।
कलेक्टर ने सेवानिवृत्त होने वाले कर्मचारियों के देयकों का समय पर भुगतान करने के निर्देश देते हुए कहा कि कर्मचारियों और आम नागरिकों से जुड़े मामलों में अनावश्यक देरी नहीं होनी चाहिए।




