रायपुर: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को सार्वजनिक बहस की चुनौती देने वाले लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी को अब छत्तीसगढ़ के उपमुख्यमंत्री विजय शर्मा ने जवाबी चुनौती दी है। उपमुख्यमंत्री विजय शर्मा ने तीखा तंज कसते हुए कहा कि राहुल गांधी प्रधानमंत्री से बात करने की कल्पना करने के बजाय पहले उनसे आकर बहस कर लें।
डिप्टी सीएम ने ‘SIR’ और ‘नक्सलवाद’ जैसे बेहद संवेदनशील व गंभीर मुद्दों पर खुली बहस का आह्वान करते हुए कहा कि इसके लिए स्थान और समय का फैसला खुद राहुल गांधी कर सकते हैं।
दिल्ली आने को भी तैयार: विजय शर्मा
मीडिया से बातचीत में उपमुख्यमंत्री ने साफ किया कि यदि राहुल गांधी को छत्तीसगढ़ आने में कोई झिझक है और वे SIR के मुद्दे पर चर्चा करना चाहते हैं, तो वे खुद दिल्ली आने के लिए भी तैयार हैं। राहुल गांधी के बहस के प्रस्ताव पर निशाना साधते हुए शर्मा ने कहा कि सड़क पर गुलाब लेकर आना और इस तरह बचकानी बातें करना राजनीति में शोभा नहीं देता। उन्होंने कटाक्ष करते हुए टिप्पणी की, “आखिर राहुल गांधी कब बड़े होंगे?“
झीरम घाटी और नक्सलवाद पर दागे सवाल
कांग्रेस को आड़े हाथों लेते हुए गृहमंत्री विजय शर्मा ने आरोप लगाया कि कांग्रेस के कुछ नेता नक्सलियों को अपना ‘हीरो’ बताते हैं। उन्होंने कांग्रेस को इतिहास याद दिलाते हुए कहा कि वे यह न भूलें कि झीरम घाटी में हुए बर्बर नक्सली हमले में खुद कांग्रेस के ही कई वरिष्ठ नेताओं ने अपनी जान गंवाई थी।
उपमुख्यमंत्री ने सीधे तौर पर राहुल गांधी से सवाल किया कि क्या वे नक्सलवाद और झीरम घाटी जैसे गंभीर विषयों पर किसी भी सार्वजनिक मंच पर चर्चा करने का साहस रखते हैं? उन्होंने कहा कि वे हर स्तर पर इस विषय पर दूध का दूध और पानी का पानी करने को तैयार हैं।
इस हाई-प्रोफाइल राजनीतिक चुनौती के बाद अब छत्तीसगढ़ से लेकर दिल्ली तक सियासी पारा चढ़ गया है। अब देखना यह होगा कि उपमुख्यमंत्री विजय शर्मा के इस सीधे चैलेंज पर राहुल गांधी या कांग्रेस आलाकमान की ओर से क्या पलटवार आता है।



