छत्तीसगढ़

स्कूल में मलेरिया और टीबी जागरूकता कार्यक्रम आयोजित

स्कूल में मलेरिया और टीबी जागरूकता कार्यक्रम आयोजित

भैंसा / कोरासी : शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय  स्कूल कोरासी में आज विद्यार्थियों के लिए मलेरिया और टीबी (क्षय रोग) से बचाव एवं पहचान विषय पर एक विशेष जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम का उद्देश्य बच्चों को इन बीमारियों के लक्षण, बचाव के उपाय और समय पर जांच व उपचार के महत्व के बारे में जानकारी देना था।

कार्यक्रम में स्वास्थ्य विभाग की टीम द्वारा विद्यार्थियों को बताया गया कि मलेरिया मच्छरों के काटने से फैलता है, इसलिए आसपास पानी जमा न होने दें, मच्छरदानी का उपयोग करें और साफ-सफाई रखें। टीबी के बारे में जानकारी देते हुए बताया गया कि लगातार खांसी, बुखार और कमजोरी होने पर तुरंत जांच करानी चाहिए और पूरा इलाज लेना जरूरी है। शिक्षकों ने भी छात्रों को स्वच्छता अपनाने, पौष्टिक भोजन लेने और बीमारी के लक्षण दिखने पर परिवार को बताने की सलाह दी। विद्यार्थियों ने जागरूकता शपथ भी ली और अपने घर-परिवार व आसपास के लोगों को जानकारी देने का संकल्प लिया।

कार्यक्रम के अंत में प्रश्न-उत्तर सत्र रखा गया, जिसमें छात्रों ने उत्साह से भाग लिया। स्कूल प्रबंधन ने इसे उपयोगी पहल बताते हुए आगे भी ऐसे कार्यक्रम आयोजित करने की बात कही खंड चिकित्सा अधिकारी डॉक्टर विजय लक्ष्मी अनंत ने बताया कि आरंग ब्लॉक के पूरे आयुष्मान आरोग्य मंदिरों में टीबी, कुष्ठ के बारे में लोगों को जागरूक किया जाएगा और 10 फरवरी से 25 फरवरी तक फलेरिया की सामूहिक दवा सेवन की बारे में लोगों को जागरूक किया गया इस कार्यक्रम में स्वास्थ्य विभाग से परशराम साहु सेक्टर सुपरवाइजर LHV उर्मिला देवांगन अश्वनी कुमार साहू ग्रामीण स्वास्थ्य संयोजक स्कूल में मलेरिया और टीबी जागरूकता कार्यक्रम आयोजित।

शा उच्च.मध्य. स्कूल कोरासी में आज विद्यार्थियों के लिए मलेरिया और टीबी (क्षय रोग) से बचाव एवं पहचान विषय पर एक विशेष जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम का उद्देश्य बच्चों को इन बीमारियों के लक्षण, बचाव के उपाय और समय पर जांच व उपचार के महत्व के बारे में जानकारी देना था।

कार्यक्रम में स्वास्थ्य विभाग की टीम द्वारा विद्यार्थियों को बताया गया कि मलेरिया मच्छरों के काटने से फैलता है, इसलिए आसपास पानी जमा न होने दें, मच्छरदानी का उपयोग करें और साफ-सफाई रखें। टीबी के बारे में जानकारी देते हुए बताया गया कि लगातार खांसी, बुखार और कमजोरी होने पर तुरंत जांच करानी चाहिए और पूरा इलाज लेना जरूरी है। शिक्षकों ने भी छात्रों को स्वच्छता अपनाने, पौष्टिक भोजन लेने और बीमारी के लक्षण दिखने पर परिवार को बताने की सलाह दी। विद्यार्थियों ने जागरूकता शपथ भी ली और अपने घर-परिवार व आसपास के लोगों को जानकारी देने का संकल्प लिया।

कार्यक्रम के अंत में प्रश्न-उत्तर सत्र रखा गया, जिसमें छात्रों ने उत्साह से भाग लिया। स्कूल प्रबंधन ने इसे उपयोगी पहल बताते हुए आगे भी ऐसे कार्यक्रम आयोजित करने की बात कही। उर्मिला देवांगन अश्वनी कुमार साहू ग्रामीण स्वास्थ्य संयोजक शासकीय उच्च. माध्यमिक विद्यालय के प्राचार्य प्रमिला बर्मा, प्राचार्य विरेंद्र टंडन, मनोज स्वर्णकार, भरत लाल सोनकर, अशोक कुमार सोनवानी, भागदास बंजारे, प्रभा साहू, अनिल कुमार श्रेय, संजय मानिकपुरी, बिंदा साहू, आदि उपस्थित रहे।

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button