बजट सत्र 2026-27 से पहले कैबिनेट की अहम बैठक, 8th Pay Commission का इंतजार कर रहे कर्मचारियों के महंगाई भत्ते को लेकर बड़ा फैसला ले सकती है भाजपा सरकार

भोपाल : मोहन यादव ने आज अपने अधिनस्त मंत्रियों की बैठक बुलाई है। बजट सत्र 2026-27 से पहले आज होने वाली कैबिनेट बैठक कई मामलों में अहम मानी जा रही है। बताया जा रहा है कि कैबिनेट बैठक में मछुआ कल्याण, मत्स्य विकास विभाग को लेकर अहम चर्चा हो सकती है। इसके साथ ही नई आबकारी नीति में राजस्व बढ़ाने को लेकर भी बैठक में विचार विमर्श किया जा सकता है। वहीं, सूत्रों की मानें तो आज की बैठक में सरकारी कर्मचारियों के महंगाई भत्ते पर बड़ा फैसला लिया जा सकता है।
महंगाई भत्ते में बढ़ोतरी संभव
बात करें प्रदेश के सरकारी कर्मचारियों को भुगतान किए जाने वाले महंगाई भत्ते की तो अभी यहां के कर्मचारियों को 55 प्रतिशत की दर से डीए का भुगतान किया जा रहा है। जबकि केंद्र सरकार की ओर से 58 प्रतिशत डीए का भुगतान किया जा रहा है। प्रदेश की मोहन यादव सरकार ने 8 महीने पहले जुलाई 2025 में कर्मचारियों के महंगाई भत्ते में बढ़ोतरी की थी। वहीं, पड़ोसी राज्य छत्तीसगढ़ की बात करें तो यहां भी केंद्र सरकार के बराबर 58 प्रतिशत महंगाई भत्ते का भुगतान किया जा रहा है।
8 महीने से नहीं बढ़ा डीए
वहीं, महंगाई भत्ते के भुगतान को लेकर प्रदेश के कर्मचारी संगठनों ने ज्ञापन देकर मांग की है कि जुलाई 2025 से ही महंगाई भत्ता और साढ़े चार लाख पेंशनरों की महंगाई राहत में वृद्धि की जाए। मध्य प्रदेश तृतीय वर्ग कर्मचारी संघ के महामंत्री उमाशंकर तिवारी ने बताया कि प्रदेश में सरकारी योजनाओं को जन-जन तक पहुंचने में अधिकारी-कर्मचारी दिन-रात सेवाएं देते हैं।
कर्मचारी संगठनों ने सौंपा ज्ञापन
अखिल भारतीय सेवा के अधिकारियों को तो जुलाई से ही महंगाई भत्ते में वृद्धि दे दी लेकिन प्रदेश के कर्मचारियों और पेंशनरों को लेकर अब तक निर्णय नहीं लिया गया है। पेंशनरों की महंगाई राहत में वृद्धि के लिए तो छत्तीसगढ़ भी तैयार है और मध्य प्रदेश से सहमति मांगी है। उन्होंने सरकार से महंगाई भत्ते और राहत में वृद्धि करने की मांग की है। सरकार अगर आज महंगाई भत्ते में बढ़ोतरी का फैसला लेती है तो प्रदेश के सात लाख नियमित कर्मचारियों के लिए राहत भरी खबर होगी।



