कोंडागांवछत्तीसगढ़

BEO आफिस में छापा, घूस लेते बीईओ का बाबू गिरफ्तार, 40000 रुपये रिश्वत लेते ACB ने रंगे हाथों पकड़ा

कोंडागांव : कोंडागांव जिले में भ्रष्टाचार के खिलाफ एंटी करप्शन ब्यूरो ने एक बार फिर सख्त कार्रवाई करते हुए शिक्षा विभाग से जुड़े एक कर्मचारी को रिश्वत लेते हुए गिरफ्तार किया है। ACB जगदलपुर की टीम ने 6 फरवरी को BEO (खंड शिक्षा अधिकारी) कार्यालय में पदस्थ बाबू सतीश सोढ़ी को 40 हजार रुपये की रिश्वत लेते हुए रंगे हाथ पकड़ लिया। यह कार्रवाई एक रिटायर्ड कर्मचारी के पेंशन प्रकरण को निपटाने के बदले रिश्वत मांगने के गंभीर आरोपों के आधार पर की गई।

जानकारी के अनुसार, मिडिल स्कूल सरपंच पारा, राणापाल में पदस्थ रहे सोनसिंह यादव 31 दिसंबर 2025 को सेवानिवृत्त हुए थे। रिटायरमेंट के बाद उन्होंने अपनी पेंशन शुरू कराने के लिए आवश्यक दस्तावेज तैयार कर विभागीय प्रक्रिया शुरू की। लेकिन पेंशन प्रकरण आगे बढ़ाने के लिए उन्हें बार-बार BEO कार्यालय के चक्कर काटने पड़ रहे थे।

इसी दौरान BEO कार्यालय में पदस्थ बाबू सतीश सोढ़ी ने कथित तौर पर सोनसिंह यादव से पेंशन प्रकरण तैयार कर उसे आगे संबंधित विभाग में भेजने के बदले 40 हजार रुपये रिश्वत की मांग की। बताया जा रहा है कि बिना रिश्वत दिए पेंशन का काम आगे नहीं बढ़ाने का दबाव बनाया जा रहा था, जिससे रिटायर्ड कर्मचारी मानसिक रूप से परेशान हो गया। रिश्वत की मांग से तंग आकर सोनसिंह यादव ने साहस दिखाते हुए एंटी करप्शन ब्यूरो जगदलपुर से संपर्क किया और पूरे मामले की लिखित शिकायत दर्ज कराई। ACB ने शिकायत को गंभीरता से लेते हुए पहले इसकी गोपनीय जांच कराई। जांच में रिश्वत मांगने की पुष्टि होने के बाद आरोपी को रंगे हाथ पकड़ने के लिए ट्रैप की योजना बनाई गई।

योजना के तहत तय समय और स्थान पर जैसे ही बाबू सतीश सोढ़ी ने शिकायतकर्ता से 40 हजार रुपये की रिश्वत ली, वैसे ही मौके पर पहले से तैनात ACB की टीम ने उसे रंगे हाथ गिरफ्तार कर लिया। कार्रवाई के दौरान ACB अधिकारियों ने विधिवत प्रक्रिया का पालन करते हुए रिश्वत की रकम बरामद की और आरोपी को हिरासत में ले लिया। गिरफ्तारी के बाद बाबू सतीश सोढ़ी के खिलाफ भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत मामला दर्ज कर आगे की कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी गई है। इस पूरे मामले की पुष्टि शिकायतकर्ता सोनसिंह यादव और ACB जगदलपुर के उप पुलिस अधीक्षक रमेश मरकाम द्वारा की गई है।

गौरतलब है कि BEO कार्यालय कोंडागांव में यह पहला रिश्वतखोरी का मामला नहीं है। इससे पहले भी इसी कार्यालय में ACB द्वारा दो बार छापेमार कार्रवाई की जा चुकी है। पूर्व में क्लर्क पंचम लाल देवांगन और जयंती देवांगन के खिलाफ भी रिश्वत लेने के आरोप में कार्रवाई हो चुकी है। इसके बावजूद कार्यालय में भ्रष्टाचार पर पूरी तरह अंकुश नहीं लग पाया है।

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button