सुकमा। छत्तीसगढ़ सरकार की जीरो टॉलरेंस नीति के तहत सुकमा जिले में बड़ी प्रशासनिक कार्रवाई की गई है। जनपद पंचायत सुकमा में पदस्थ सहायक ग्रेड-2 चन्द्रशेखर चंद्राकर को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया गया है।यह कार्रवाई जिला पंचायत सुकमा के मुख्य कार्यपालन अधिकारी (सीईओ) मुकुंद ठाकुर द्वारा जारी आदेश के तहत की गई।
इन आरोपों पर हुई कार्रवाई
जारी आदेश के अनुसार, चन्द्रशेखर चंद्राकर के खिलाफ कई गंभीर शिकायतें प्राप्त हुई थीं। इनमें स्थानांतरण के बाद भी निर्धारित कार्यालय में कार्यभार ग्रहण नहीं करना, वरिष्ठ अधिकारियों के निर्देशों की अवहेलना करना तथा करीब 17.50 लाख रुपये का अनाधिकृत चेक जारी करना शामिल है।इन शिकायतों को गंभीर मानते हुए जिला पंचायत प्रशासन ने उन्हें तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया।
निलंबन अवधि में जिला पंचायत रहेगा मुख्यालय
आदेश के मुताबिक, निलंबन अवधि के दौरान चन्द्रशेखर चंद्राकर का मुख्यालय जिला पंचायत सुकमा निर्धारित किया गया है। इस अवधि में उन्हें नियमानुसार जीवन निर्वाह भत्ता (Subsistence Allowance) प्रदान किया जाएगा। सरकार की ओर से स्पष्ट किया गया है कि शासकीय कार्यों में लापरवाही और वित्तीय अनियमितताओं के मामलों में कड़ी कार्रवाई आगे भी जारी रहेगी।



