रायपुर, 10 अक्टूबर 2026: छत्तीसगढ़ में दक्षिण-पश्चिम मानसून की विदाई के साथ ही मौसम का मिजाज बदलने लगा है। प्रदेश में बारिश की गतिविधियां कमजोर पड़ गई हैं, जिससे रायपुर और राजनांदगांव समेत कई मैदानी इलाकों में तापमान में बढ़ोतरी दर्ज की जा रही है। मौसम विभाग के अनुसार, आगामी तीन दिनों तक प्रदेश भर में मौसम मुख्यतः शुष्क रहने की संभावना है।
आगामी दिनों का पूर्वानुमान और तापमान की स्थिति
- चेतावनी: फिलहाल मौसम विभाग की ओर से राज्य के किसी भी हिस्से के लिए कोई अलर्ट या चेतावनी जारी नहीं की गई है।
- हल्की बारिश की संभावना: तीन दिनों के शुष्क मौसम के बाद प्रदेश के एक-दो स्थानों पर स्थानीय प्रभाव के कारण बहुत हल्की से हल्की वर्षा हो सकती है।
- रायपुर का हाल: राजधानी रायपुर और इसके आस-पास के क्षेत्रों में आज आसमान साफ रहने का अनुमान है。 यहां अधिकतम तापमान 34 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान 24 डिग्री सेल्सियस के आसपास रहने की उम्मीद है। इससे पहले शुक्रवार को रायपुर में अधिकतम तापमान 35.4 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया था, जिससे साफ है कि दिन में गर्मी का असर बना हुआ है।
पिछले 24 घंटों का हाल
पिछले 24 घंटों में प्रदेश के कुछ गिने-चुने हिस्सों में हल्की बूंदाबांदी जरूर हुई, लेकिन कहीं भी कोई उल्लेखनीय बारिश दर्ज नहीं की गई। इस दौरान राजनांदगांव में सर्वाधिक अधिकतम तापमान 36 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जबकि पेंड्रा रोड में न्यूनतम तापमान 18.6 डिग्री सेल्सियस रहा। इन आंकड़ों से साफ है कि मैदानी इलाकों में जहां दिन में तेज गर्मी पड़ रही है, वहीं पहाड़ी व कुछ अन्य क्षेत्रों में रातें अपेक्षाकृत ठंडी होने लगी हैं।
मानसून की वापसी की रेखा
मौसम विज्ञान केंद्र के मुताबिक, दक्षिण-पश्चिम मानसून की वापसी की रेखा वर्तमान में सुपौल, रांची, सुंदरगढ़, बरगढ़ और बीजापुर से होकर गुजर रही है। अगले 3 से 4 दिनों में पूर्वी भारत, पूर्वोत्तर भारत और उत्तरी प्रायद्वीप के कुछ और हिस्सों से मानसून के पूरी तरह विदा होने के लिए परिस्थितियां बिल्कुल अनुकूल हैं।
हालांकि, पश्चिमी असम से लेकर तेलंगाना तक एक द्रोणिका (ट्रफ लाइन) छत्तीसगढ़ से होकर गुजर रही है, और पूर्वी उत्तर प्रदेश के ऊपर एक ऊपरी हवा का चक्रवाती परिसंचरण भी बना हुआ है। इन मौसमी प्रणालियों के बावजूद, छत्तीसगढ़ में फिलहाल भारी या व्यापक बारिश के कोई आसार नहीं हैं। मौसम विभाग ने आम नागरिकों को स्थानीय स्तर पर जारी होने वाले मौसम पूर्वानुमान पर नजर रखने की सलाह दी है।



