बिलासपुर, 7 अक्टूबर 2026। शिक्षा व्यवस्था को दुरुस्त करने और स्कूलों के सुचारू संचालन को सुनिश्चित करने के लिए संयुक्त संचालक शिक्षा संभाग बिलासपुर, श्री अश्विनी भारद्वाज ने कड़ा रुख अपनाया है। श्री भारद्वाज ने सहायक संचालक प्रकाश तिवारी के साथ बिल्हा, चकरभाठा, हरदी और हिर्री क्षेत्र के विभिन्न विद्यालयों का आकस्मिक (औचक) निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने शिक्षकों की उपस्थिति, निर्धारित टाइम-टेबल (कालखंडों) के अनुसार पढ़ाई, स्कूल संचालन और मध्यान्ह भोजन (मिड-डे मील) की गुणवत्ता की सघन जांच की। निरीक्षण में लापरवाही और कमियां पाए जाने पर उन्होंने सख्त नाराजगी जाहिर करते हुए संबंधितों से स्पष्टीकरण लेने और व्यवस्थाओं में तत्काल सुधार करने के निर्देश दिए हैं।
आत्मानंद स्कूल बिल्हा में मिलीं खामियां, प्राचार्य को नोटिस
निरीक्षण के दौरान स्वामी आत्मानंद उत्कृष्ट विद्यालय बिल्हा में पदस्थ 10 व्याख्याताओं में से 8 शिक्षक उपस्थित पाए गए, जबकि 2 शिक्षक अवकाश (लीव) पर थे। वहीं, स्कूल के पूर्व माध्यमिक विभाग में बड़ी लापरवाही सामने आई, जहां कार्यरत संकुल शैक्षिक समन्वयक (CAC) द्वारा नियमित रूप से अध्यापन कार्य (पढ़ाई) नहीं कराया जा रहा था। इस अव्यवस्था पर कड़ी कार्रवाई करते हुए संयुक्त संचालक ने संस्था के प्राचार्य श्री चंद्रमान ठाकुर को ‘कारण बताओ नोटिस’ (शो-कॉज नोटिस) जारी करने के निर्देश दिए। साथ ही पूर्व माध्यमिक विभाग का व्यवस्थित और अनुशासन के साथ संचालन सुनिश्चित करने की हिदायत दी।
संयुक्त संचालक की इस अचानक हुई कार्रवाई से संभाग के अन्य शासकीय स्कूलों के स्टाफ और शिक्षकों में हड़कंप मच गया है। अधिकारियों का कहना है कि शिक्षा की गुणवत्ता और बच्चों के भविष्य से खिलवाड़ बर्दाश्त नहीं किया जाएगा, और ऐसे औचक निरीक्षण आगे भी जारी रहेंगे।



